रंगीन खिलौने – रवीन्द्रनाथ ठाकुर

आज, मैं फिर से भारत के नोबल पुरस्कार विजेता कवि गुरुदेव रवींद्र नाथ ठाकुर की एक और कविता का अनुवाद प्रस्तुत कर रहा हूँ। यह उनकी अंग्रेजी भाषा में प्रकाशित जिस कविता का भावानुवाद है, उसे अनुवाद के बाद प्रस्तुत किया गया है। मैं अनुवाद के लिए अंग्रेजी में मूल कविताएं सामान्यतः ऑनलाइन उपलब्ध काव्य संकलन- ‘PoemHunter.com’ से लेता हूँ। लीजिए पहले प्रस्तुत है मेरे द्वारा किया गया उनकी कविता ‘Coloured Toys’ का भावानुवाद-

गुरुदेव रवींद्रनाथ ठाकुर की कविता

रंगीन खिलौने

जब मैं तुम्हारे लिए रंगीन खिलौने लाता हूँ, मेरे बच्चे
मैं समझ जाता हूँ कि रंगों का इतना प्रदर्शन क्यों है- बादलों में, पानी पर,
और पुष्पों को इतनी आभा से क्यों रंगा गया है,
—जब मैं तुम्हें रंगीन खिलौने देता हूँ मेरे बच्चे|

जब मैं गीत गाता हूँ , तुम्हें नचाने के लिए
मैं सचमुच जान जाता हूँ कि पत्तियों में संगीत क्यों है,
और क्यों लहरें अपनी ध्वनियों का समूह-गान, ध्यान से सुनती भूमि को भेजती हैं

— जब मैं गीत गाता हूँ, तुम्हें नचाने के लिए|


जब मैं उपहार लाता हूँ, तुम्हारे ललचाते हाथों के लिए
मैं जान जाता हूँ कि पुष्पों के प्यालों में मधु क्यों भरा होता है
और क्यों फलों के भीतर गुप्त रूप से मधुर रस भर जाता है
— जब मैं उपहार लाता हूँ, तुम्हारे ललचाते हाथों के लिए|


जब मैं तुम्हारा चेहरा चूमता हूँ, जिससे तुम मुस्कुराओ, मेरे प्रिय,
मैं निस्संदेह यह समझ जाता हूँ कि आकाश से सुबह के प्रकाश के साथ, कौन सा आनंद प्रवाहित होकर आता है,
और वह कौन सा उल्लास है, जो ग्रीष्म की हवा मेरे शरीर में भर देती है
— जब मैं तुम्हारा चेहरा चूमता हूँ, जिससे तुम मुस्कुराओ|



-रवींद्रनाथ ठाकुर

और अब वह अंग्रेजी कविता, जिसके आधार मैं भावानुवाद प्रस्तुत कर रहा हूँ-


Coloured Toys


When I bring to you coloured toys, my child,
I understand why there is such a play of colors on clouds, on water,
and why flowers are painted in tints
—when I give coloured toys to you, my child.

When I sing to make you dance
I truly now why there is music in leaves,
and why waves send their chorus of voices to the heart of the listening earth
—when I sing to make you dance.

When I bring sweet things to your greedy hands
I know why there is honey in the cup of the flowers
and why fruits are secretly filled with sweet juice
—when I bring sweet things to your greedy hands.

When I kiss your face to make you smile, my darling,
I surely understand what pleasure streams from the sky in morning light,
and what delight that is that is which the summer breeze brings to my body

—when I kiss you to make you smile.


-Rabindranath Tagore

आज के लिए इतना ही,
नमस्कार।
************

Leave a Reply

%d bloggers like this: